(511) 8178
स्तूप बौद्ध धर्म की आस्था, पूजा और स्मृति के प्रतीक हैं, जो न केवल धार्मिक महत्व रखते हैं, बल्कि भारत की प्राचीन स्थापत्य कला एवं सांस्कृतिक धरोहर को भी दर्शाते हैं।
(510) 2591
महात्मा बुद्ध (गौतम बुद्ध) बौद्ध धर्म के संस्थापक थे।
(504) 1600
सल्लेखना जैन दर्शन से सम्बन्धित एक महत्वपूर्ण शब्द है।
(501) 3280
जैन अनुश्रुतियों एवं परम्पराओं के अनुसार जैन धर्म में कुल 24 तीर्थंकर हुए।
(499) 1733
प्राचीन काल में छठी शताब्दी ईसा पूर्व के दौरान भारत में नवीन धर्मों की उत्पत्ति हुई।
(497) 1706
सिकन्दर ने सर्वप्रथम 326 ईसा पूर्व को भारत पर आक्रमण किया था।
(496) 1911
साइरस द्वितीय ने छठी शताब्दी ईसा पूर्व के मध्य में ईरान में हखामनी साम्राज्य की स्थापना की थी।
(495) 2294
भारत पर सर्वप्रथम विदेशी आक्रमण ईरान देश के हखामनी वंश के राजाओं ने किया था।
(493) 1949
इस लेख में मगध के शिशुनाग वंश के विषय में जानकारी दी गई है।
(492) 2402
प्राचीन भारत में गणतंत्र कुछ कुलीन लोगों का समूह होता था।
(488) 2193
इस लेख में प्राचीन भारत के 16 महाजनपदों के विषय में जानकारी दी गई है।
(487) 7006
भारत में ऋग्वैदिक काल में समाज के संचालन के लिए 'वर्ण व्यवस्था' शुरू की गई थी।
(484) 6481
ऋग्वैदिक काल के आर्य लोग धार्मिक प्रवृत्ति के थे।
(483) 2265
वेदों के समय में गाय को सबसे पवित्र पशु माना जाता था। यही सर्वोचित परम्परा वर्तमान में भी जारी है।
(482) 4231
सिन्धु घाटी सभ्यता और वैदिक सभ्यता दोनों ही प्राचीन भारत की महत्वपूर्ण सभ्यताएँ हैं।
(479) 10070
ऋग्वैदिक काल में समाज का प्रशासन कबीलाई संगठन पर आधारित था।
(477) 2477
ऋग्वैदिक समाज मूल रूप से पितृसत्तात्मक था। समाज की सबसे छोटी इकाई परिवार थी।
(476) 2805
सरस्वती और दृशद्वती नदियों के मध्य का प्रदेश ब्रह्मवर्त कहलाता था।
(474) 2008
वेदों से हमें वैदिक सभ्यता के विषय में जानकारी प्राप्त होती है।
(471) 1752
हड़प्पा सभ्यता (सिन्धु सभ्यता) अपने अन्तिम समय में पतन (विनाश) की ओर उन्मुख थी।
(470) 5068
हड़प्पा सभ्यता (सिन्धु सभ्यता) के लोगों के धार्मिक दृष्टिकोण का आधार इहलौकिक और व्यावहारिक था।
(468) 12581
सिन्धु सभ्यता (हड़प्पा सभ्यता) के काल में कृषि तथा व्यापार दोनों ही उन्नत थे।
(466) 3351
हड़प्पा सभ्यता की शासन व्यवस्था जनतंत्रात्मक थी। इसमें धर्म को विशेष महत्व दिया गया था।
(465) 3298
हड़प्पा सभ्यता के समाज की इकाई परम्परा के अनुसार परिवार थी।
(462) 3523
सिंधु सभ्यता के प्रमुख स्थलों जैसे– हड़प्पा, मोहनजोदड़ो, चन्हूदड़ो, कालीबंगा आदि से विभिन्न पुरावस्तुएँ प्राप्त हुई हैं।
(460) 3067
इस लेख में सिन्धु सभ्यता के प्रमुख स्थलों में से राखीगढ़ी, कालीबंगा, बनावली और धौलावीरा का विवरण दिया गया है।
(459) 2656
इस लेख में सिन्धु सभ्यता के प्रमुख स्थलों में से हड़प्पा, मोहनजोदड़ो, चन्हूदड़ो और लोथल का विवरण दिया गया है।
(456) 28005
सिन्धु सभ्यता या हड़प्पा सभ्यता एक नगरीय सभ्यता थी। यह अपनी समकालीन अन्य सभ्यताओं की तुलना में अधिक विकसित थी।
(454) 11006
सिंधु सभ्यता वर्षों पुरानी सभ्यता है। बीसवीं सदी के द्वितीय दशक तक इस सभ्यता के विषय में कोई जानकारी नहीं थी।
(452) 6222
भारत का प्राचीन इतिहास जानने के स्रोतों में चीनी यात्रियों के यात्रा-वृत्तान्तों का महत्वपूर्ण स्थान है।
(451) 2728
इस लेख में प्राचीन काल में यूनान और रोम से भारत आए विदेशी लेखकों के बारे में जानकारी दी गई है।
(449) 1887
इस लेख में प्राचीन भारत के राजाओं के जीवन पर लिखी गई पुस्तकों के बारे में जानकारी दी गई है।
(448) 6618
भारतीय इतिहास के साहित्यिक स्रोतों में बौद्ध साहित्य के ग्रंथों का महत्वपूर्ण स्थान है।
(446) 2371
वेदों को भली-भाँति समझने के लिए वेदांगों की रचना की गई थी।
(444) 2076
वेद भारत की प्राचीन संस्कृति के महत्वपूर्ण स्रोत हैं। वेदों की कुल संख्या चार है।
(441) 9194
इस लेख प्राचीन भारत के अध्ययन के पुरातात्विक स्त्रोतों के बारे में जानकारी दी गई है।
(438) 6197
भारत के सन्दर्भ में सबसे प्राचीन अभिलेख सम्राट अशोक के हैं। ये अभिलेख लगभग 300 ईसा पूर्व के हैं।
(425) 3743
बिम्बिसार मगध का प्रथम शक्तिशाली शासक था।
(421) 3120
महत्वपूर्ण तथ्यों को चुनकर इतिहास का पुनर्निर्माण किया जाता है। History is reconstructed by selecting important facts.
(13) 3125
हर्ष का जन्म थानेश्वर (वर्तमान हरियाणा) में हुआ था। हर्षवर्धन के भाई राज्यवर्धन थे। उनके पिता का नाम प्रभाकरवर्धन थे।
(10) 21943
आर्य समाज की स्थापना सन् 1875 ईस्वी में स्वामी दयानंद सरस्वती ने तत्कालीन बम्बई (वर्तमान मुम्बई) में की थी।
(7) 6770
गुप्त काल - भारत के सांस्कृतिक, साहित्यिक, वैज्ञानिक और राजनीतिक उत्कर्ष का युग, जहाँ महान शासकों की दूरदृष्टि ने देश को स्वर्णिम समृद्धि, धार्मिक सहिष्णुता और ज्ञान के शिखर तक पहुँचाया।
(1) 5342
इस लेख में मध्य युग के प्रमुख शासकों में से एक चक्रवर्ती सम्राट राजा भोज के इतिहास उनका परिचय, राज्य, कला-संस्कृति एवं राजा भोज पर प्रचलित कहावतों के बारे में जानकारी दी गई है।